कोचिंग-टेलीग्राम नेटवर्क से पेपर बेचने का खुलासा, 9 आरोपी गिरफ्तार
मुंबई : नीट पेपर लीक मामले की जांच केंद्रीय जांच ब्यूरो कर रही है, जिसमें अब तक 9 लोगों की गिरफ्तारी हो चुकी है। जांच एजेंसी ने पिछले 24 घंटों में कई राज्यों में छापेमारी करते हुए नए खुलासे किए हैं और नेटवर्क से जुड़े कई नए नाम सामने आए हैं। इस मामले में केंद्रीय जांच ब्यूरो ने पुणे की बायोलॉजी लेक्चरर मनीषा गुरुनाथ मंधारे को दिल्ली स्थित मुख्यालय में पूछताछ के बाद गिरफ्तार किया है। वह एनटीए के एक्सपर्ट पैनल से जुड़ी बताई जा रही है और उस पर परीक्षा से जुड़े प्रश्नों के लीक नेटवर्क में भूमिका निभाने का आरोप है। इससे पहले कथित मास्टरमाइंड पीवी कुलकर्णी को भी गिरफ्तार किया जा चुका है।
जांच में सामने आया है कि महाराष्ट्र के पुणे, अहिल्यानगर, नासिक, लातूर और बीड जिलों तक यह नेटवर्क फैला हुआ था, जो आगे गुरुग्राम और राजस्थान तक पहुंचा। आरोप है कि टेलीग्राम और अन्य माध्यमों से पेपर की “गेस पेपर” के नाम पर सौदेबाजी की जाती थी। सीबीआई के अनुसार, इस नेटवर्क में कई शिक्षक और कोचिंग से जुड़े लोग शामिल थे। पूछताछ में यह भी पता चला कि कुछ आरोपियों ने प्रश्नपत्रों के संभावित सवाल तैयार कर छात्रों को कोचिंग में पढ़ाए थे, जिनमें से कई प्रश्न वास्तविक परीक्षा में शामिल हुए। एजेंसी ने इलेक्ट्रॉनिक उपकरण, बैंक रिकॉर्ड और दस्तावेज जब्त किए हैं और उनकी जांच जारी है। अदालत ने गिरफ्तार आरोपियों को 10 दिन की सीबीआई हिरासत में भेजा है। सीबीआई का कहना है कि यह मामला संगठित नेटवर्क से जुड़ा है, जिसकी पूरी कड़ियां खंगाली जा रही हैं और आने वाले दिनों में और गिरफ्तारियां संभव हैं।