उत्तन-विरार सी लिंक से बनेगा दिल्ली का नया रास्ता केंद्र से मिली सैद्धांतिक मंजूरी, जानें बड़ी 'गुड न्यूज'
मुंबई : सड़क मार्ग से मुंबई से दिल्ली का सफर तेजी से पूरा कराने का नया प्लान सरकार ने तैयार कर लिया है। केंद्रीय सड़क परिवहन व राजमार्ग मंत्रालय ने प्रस्तावित उत्तन-विरार सी लिंक को दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेस वे से जोड़ने के प्रस्ताव को सैद्धांतिक मंजूरी दे दी है। विरार के करीब सी लिंक एक्सप्रेस से जोड़ेगा। प्रस्ताव को मंजूरी मिलने से मुंबई-वधावन एक्सप्रेस कॉरिडोर (एमवीईसी) को राष्ट्रीय एक्सप्रेसवे नेटवर्क से जोड़ने का रास्ता साफ हो गया है। उत्तन- विरार सी लिंक के तहत 55.12 किमी लंबा ब्रिज तैयार होने है। जिसमें से 24.35 किमी लंबा ब्रिज समुद्र पर होगा। जो समुद्र पर बनने वाला सबसे लंबा ब्रिज होगा।
लिंक को मिलेगी डबल कनेक्टिविटी
उत्तन-विरार सी लिंक को वडोदरा-मुंबई एक्सप्रेस वे और जेएनपीटी-वधावन पोर्ट लिंक से भी जोड़ा जाएगा। इन प्रोजेक्ट के तहत 120 किमी लंबा एक्सेस-कंट्रोल्ड कोस्टल रोड कॉरिडोर तैयार होगा। सभी प्रोजेक्ट के पूरा होने से दक्षिण मुंबई से वसई, विरार, पालघर और वधावन पोर्ट के बीच तेजी से सफर पूरा हो सकेगा। राज्य सरकार पहले ही उत्तन-विरार सी लिंक को मंजूरी दे चुकी है वहीं इसका विस्तार वधावन पोर्ट तक विस्तार देने को भी मंजूरी मिल चुकी है। वधावन को देश के प्रमुख गहरे समुद्री पोर्ट के तौर पर विकसित किया जा रहा है। ऐसे में इस कॉरिडोर से पोर्ट तक माल ढुलाई आसान होगी। मुंबई के साथ ही दिल्ली समेत देश के अन्य हिस्सों से सामना तेजी से पहुंचना संभव होगा।
कैसे होगा सफर आसान
मुंबई-दिल्ली एक्सप्रेस वे को सी लिंक से जोडने से पहले ही एमएमआरडीए ने वर्सोवा- मीरा भाईंदर कोस्टल रोड को उत्तर-विरार सी लिंक को जोड़ने की योजना बना ली है। कोस्टल रोड, वर्सोवा-बांद्रा सी लिंक, बांद्रा-वर्ली सी लिंक और मरीन ड्राइव- वर्ली लिंक से कनेक्ट है।
बेहतर हो जाएगी कनेक्टिविटी
सी लिंक के एक्सप्रेस वे से कनेक्ट होने से मुंबई-दिल्ली के बीच की कनेक्टिविटी बेहतर होगी। साऊथ मुंबई से दिल्ली तक के सफर के लिए चालकों को नया वैकल्पिल मार्ग उपलब्ध होगा। मौजूदा समय में साऊथ मुंबई से विरार तक पहुंचने में करीब दो से ढाई घंटे का समय लगता है। जबकि सी लिंक से एक घंटे से कम समय में यह सफर पूरा हो सकेंगे। इस यात्रियों को ट्रैफिक जाम की समस्या से निजात मिलने के साथ ही ईंधन की भी बचत होगी।