Latest News

मुंबई. 2 मई से 20 जून के दौरान लॉकडाउन में फंसे प्रवासी मजदूरों और उनके गृह राज्यों-नगरों तक पहुंचाने के लिए पश्चिम रेलवे ने 1,229 श्रमिक स्पेशल ट्रेनों का संचालन किया. इस अभियान की सफलता पर रेल कर्मचारियों एवं अधिकारियों की सराहना केंद्र व राज्य सरकार ने की है. सभी सम्बंधित अधिकारियों और कर्मचारियों के प्रयासों की सराहना करते हुए पश्चिम रेलवे के महाप्रबंधक आलोक कंसल ने  सभी 6 मंडलों के लिए पुरस्कारों की घोषणा की है. 20 मई को एक दिन में पश्चिम रेलवे के विभिन्न स्टेशनों से 91 सर्वाधिक श्रमिक विशेष ट्रेनों का परिचालन किया गया.पश्चिम रेलवे के सीपीआरओ रविन्द्र भाकर के अनुसार भारतीय रेलवे पर चली कुल श्रमिक स्पेशल ट्रेनोंं में 28 प्रतिशत से अधिक 1229 श्रमिक स्पेशल ट्रेनों का परिचालन पश्चिम रेलवे ने किया.इन ट्रेनों ने गुजरात, महाराष्ट्र और मध्य प्रदेश राज्यों के लगभग 18.49 लाख प्रवासी मजदूरों को राहत मिली.
महाप्रबंधक आलोक कंसल ने इस उत्कृष्ट कार्य के लिए सभी 6 मंडलों के लिए नकद पुरस्कारों की घोषणा की है, जिनमें मुंबई डिवीजन को एक लाख, वडोदरा डिवीजन को 50,000 , अहमदाबाद मंडल को 75,000, राजकोट डिवीजन को 50,000, भावनगर एवं रतलाम डिवीजनों को क्रमशः 25,000 रुपए के नकद पुरस्कार की घोषणा की गई.इन श्रमिक विशेष रेलगाड़ियों को चलाने में पश्चिम रेलवे की भूमिका को  रेल मंत्री पीयूष गोयल और गुजरात के मुख्यमंत्री  विजय रूपाणी ने भी सराहा है.3 जून को मुख्यमंत्री रूपाणी ने गुजरात के प्रवासी मजदूरों और उनके परिवारों को  यात्रा में अच्छी व्यवस्था करने के लिए पश्चिम रेलवे के  अहमदाबाद,वडोदरा,राजकोट, भावनगर और मुंबई सेंट्रल डिवीजनों के मंडल रेल प्रबंधकों को ट्रॉफी से सम्मानित किया. गुजरात के मुख्यमंत्री ने पश्चिम रेलवे के  महाप्रबंधक आलोक कंसल और रेलवे बोर्ड के चेयरमैन वी. के. यादव को भी प्रशंसा ट्रॉफी भेजकर श्रमिक स्पेशल ट्रेनों के सफल संचालन में उनकी महत्वपूर्ण भूमिकाओं के लिए सम्मानित किया.

Weather Forecast

Advertisement

Live Cricket Score

Stock Market | Sensex

Advertisement