8 से 9 घंटे ट्रेन में फंसे रहे यात्री, दहानू-वलसाड रूट पर पानी का स्तर बढ़ने से रेल यातायात ठप
मुंबई: गुजरात में भारी बारिश की वजह से वेस्टर्न रेलवे के मुंबई-सूरत-वलसाड रूट पर ट्रेनों का परिचालन बुरी तरह प्रभावित रहा। बांद्रा टर्मिनस और मुंबई सेंट्रल से चलने वाली कई लंबी दूरी की ट्रेनें रद्द कर दी गई,तो कुछ को बीच रास्ते में रोक दिया गया । इसके अलावा कुछ का रूट बदल दिया गया। इससे बांद्रा टर्मिनस समेत कई स्टेशनों पर काफी अफरातफरी मच गई। कई यात्रियों ने आरोप लगाया कि उन्हें रेलवे की ओर से कोई पहले से सूचना या मेसेज नहीं मिला था। इसी के साथ ही अगर लोकल ट्रेन के बात करें, तो वो भी सिर्फ वानगांव तक ही चल रही थी। दहानू से आने - जाने वाली लोकल रद्द थी। इस दौरान कई लोग ट्रेन में 8 - 9 घंटे फंसे रहेम फिर भी कोई बस सर्विस भी नहीं दी गई।
बांद्रा टर्मिनस पर परेशान रहे यात्री
अगर बांद्रा टर्मिनस की बात करें, तो वहां यात्रियों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। यात्रियों के झुंड को टीसी ऑफिस के बाहर ग्रुप में खड़ा देखा गया, जहां वे अपनी समस्यायों के समाधान के लिए खड़े थे। अधिकांश लोग जो वहां परेशान थे, उनका कहना था कि उन्हें ट्रेन कैंसिल होने की कोई जानकारी नहीं मिली। स्टेशन आने के बाद अनाउंस किया गया कि ट्रेन कैंसिल हो गई है। तो वहीं कुछ अन्य लोगों का कहना था कि उनकी ट्रेन को बड़ौदा से डाइवर्ट कर दिया है, अब हम बड़ौदा कैसे पहुंचे? इसके अलावा यात्रियों का आरोप है कि मुंबई से ट्रेन चलने के बाद कई ट्रेनों को बोरीवली, दहानू और दूसरे स्टेशनों पर रोक दिया गया और कैंसिल कर दिया गया।
क्या है मामला ?
वेस्टर्न रेलवे के अनुसार, घोलवड और उमरगांव रोड के बीच बने पुल पर पानी का स्तर खतरे के निशान तक पहुँचने के कारण, ट्रेनों का परिचालन रोक दिया गया था। मुंबई सेंट्रल-अहमदाबाद एक्सप्रेस, बांद्रा टर्मिनस-रामनगर एक्सप्रेस, गांधीनगर कैपिटल वंदे भारत, अहमदाबाद शताब्दी, फ्लाइंग रानी, बांद्रा टर्मिनस-सूरत इंटरसिटी, वापी प्रवासी, विरार-वलसाड प्रवासी, बोरीवली-वलसाड MEMU और कुछ स्पेशल ट्रेनों समेत कई सर्विस 23 जुलाई को पूरी तरह कैंसिल कर दी गईं। कुछ ट्रेनें सिर्फ़ उधना, पारडी और वलसाड तक ही चलाई गईं, जबकि खड़की-इंदौर स्पेशल ट्रेन को लोनावाला-कर्जत-पनवेल-कल्याण-इगतपुरी के रास्ते डायवर्ट किया गया।
पानी का लेवल कम होते ही शुरू होंगी सर्विस
वेस्टर्न रेलवे ने कहा है कि वह लगातार हालात पर नजर रख रहा है, यात्रियों की सुरक्षा को प्राथमिकता दी जा रही है। पानी का लेवल कम होते ही धीरे-धीरे ट्रेन सर्विस फिर से शुरू कर दी जाएंगी।